UPBIL/2018/70352

कांग्रेस का दावा की 2019 में सरकार बनने पर गरीबी, भुखमरी का अंत होगा


संवादाता (आगरा) 0प्रकांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष, राजबब्बरने आज आगरा में आयोजित एक  प्रेसवार्ता में कहा कि विगत एक वर्ष से कांग्रेस पार्टी उच्चस्तरीय मंथन चल रहा था  कि भारत को दो हिन्दुस्तान से छुटकारा कैसे मिले? इस मंथन को कई अर्थशास्त्रीविश्वविद्यालयों के प्रोफेसरकई अंतर्राष्ट्रीय स्तर के पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ता अपना योगदान दे रहे थे।
परिणामतः एक कार्यक्रम की रूपरेखा पार्टी स्तर पर तैयार की गयी कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी जी ने कल छत्तीसगढ़ में एक जनसभा के सम्बोधन के दौरान जनता के सामने घोषणा की है। 
ऱाहुल ने क्या कहा? 
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि अब इस देश में दो हिन्दुस्तान नहीं रहेगा मतलब कि हिन्दुस्तान में न कोई भूखा रहेगान कोई गरीब होगा। 
2019 के आम चुनाव में अगर कांग्रेस की सरकार बनती है तो कांग्रेस की सरकार देश के गरीबों को गारंटी के साथ न्यूनतम आमदनी देने जा रही है, ‘‘न्यूनतम इनकम गारन्टी’’
हिन्दुस्तान में हर गरीब व्यक्ति को मिनिमम इनकम (जीविकोपार्जन आय) देने का काम कांग्रेस पार्टी की सरकार करेगी और यह काम आज तक दुनिया की किसी सरकार ने नहीं किया है।
यह काम दुनिया में सबसे पहले हिन्दुस्तान की 2019 में कांग्रेस वाली सरकार करने जा रही है. 
बब्बर ने कहा की देश का किसाननौजवान इसलिए श्री राहुल गांधी जी पर विश्वास कर रहा है कि श्री राहुल गांधी जी ने मध्य प्रदेशछत्तीसगढ़राजस्थान की जनसभाओं में किसानों से वादा किया था कि उनका कर्जा माफ होगा,
इसमें से कांग्रेस शासित सरकारों ने कुछ दिनों में और कुछ ने कुछ घण्टों में किसानों का कर्जा माफ कर दिया।  
श्री राजबब्बर जी ने कहा कि खाद्य सुरक्षा गारंटी के बावजूद भारत में भुखमरी से मौतंे हुई हैं। लोग देश के इतने गरीब हैं कि उन तक बेघर होने से कागजी प्रमाण के आभाव में उन्हें रहत नहीं मिल पा रही है.    
किसान आज भी कर्जदार है। कई बार देश का अन्नदाता मौत को गले लगाने पर मजबूर होता है। इसीलिए ‘‘न्यूनतम इनकम गारंटी’’ देश के सभी नागरिकों के लिए बुनियादी मानक की गारंटी देता है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि ‘‘न्यूनतम इनकम गारंटी’’ हर गरीब व्यक्ति की गरीबी और भूख को मिटाने में मदद करेगा। 
2019 के चुनाव में कांग्रेस अपने घोषणापत्र में ‘‘न्यूनतम इनकम गारंटी’’ को शामिल करेगी। उन्होने आगे कहा कि कांग्रेस की यूपीए सरकार ने अपनी नीतियों से अपने पिछले कार्यकाल में 14 करोड़ लोगों को गरीबी रेखा से बाहर निकाला। यूपीए सरकार जब वर्ष 2004 में सत्ता में आयी तो गरीबी का अनुपात 37.2 प्रतिशत था, 2012 में 21.9 प्रतिशत हो गया। यूपीए की सरकार में कुपोषण और भुखमरी से होने वाली मौतों में भारी गिरावट आयी थी। 
उन्होने कहा कि मोदी जी की सरकार ने गरीबी और भुखमरी को बद से बदतर किया जबकि यूपीए की सरकार ठीक इसके विपरीत देश के गरीबों को बेहतर जीवन दिया। हमने देश को मनरेगा दियारोजगार की गारंटी दीभोजन का अधिकार दिया और अब न्यूनतम इनकम की गारंटी यह सुनिश्चित करेगी कि हर परिवार जो गरीबी की रेखा के नीचे हो चाहे वह शहरी हो या ग्रामीण उन्हें अपने जीवन स्तर को बढ़ाने के लिए न्यूनतम स्तर की आय की गारंटी मदद करेगी।
इससे तुरन्त अत्यधिक गरीबी और भुखमरी का अन्त होगा इसमें पात्रता की सीमा निर्धारित की जायेगी। हमारा प्रयास हमेशा रहा है भारत के नागरिकों को सशक्त बनाने और कल्याणकारी योजनाओं का लाभ सुनिश्चित हो, ‘‘न्यूनतम इनकम गारंटी’’ योजना मील का पत्थर साबित होगायह एक ऐसा प्रयास है जो देश के नागरिकों को और अधिक सशक्त और कुशल बना देगा। 


मोटरसाइकिल पर सवार रास्ते में जारहा व्यक्ति गड्ढे में गिरा;गंभीररूप से घायल


55  वर्षीय व्यक्ति  शुक्रवार की शाम को तालकटोरा रोड लखनऊ से गुजरते हुए  ब्रिज के लिए खम्भे खड़ा करने के लिए बनाई गयी खाई में जा  गिरा। 
अनुज श्रीवास्तव नमक व्यक्ति जब वह अपने घर की ओर मोटर साइकिल पर सवार होकर जा रहा था तभी रास्ते में सड़क पर  जगह -जगह पिलर खड़ा करने  लिए बनाये गए गड्ढे  में  जा गिरा, और उसे गंभीर चोटे आई। वहां पर मौजूद लोगो ने उसे बहार निकाला। 
यह ध्यान देने योग्य है कि लखनऊ तालकटोरा रोड पर फ्लाईओवर ब्रिज के निर्माण का कार्य तेजी से चल   रहा है।  इस कार्य  की  कार्यदायी संस्था  उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम है।  
पूछे जाने पर प्रत्यक्ष दर्शियों का कहना है की व्यक्ति नशे की  हालत में था ; उसका अपने दुपहिया वाहन  पर नियत्रण खो देने के कारण  उस गड्ढे में जा गिरा।  लोग उसे निकल कर नजदीक प्राइवेट अवतार हॉस्पिटल ले गए जहाँ  पर उसे प्राथमिक चिकित्सा सहायता  दी गयी। 
      

बीजेपी युवा कार्यकर्ता सम्मान समारोह का लखनऊ में आयोजन किया गया

बीजेपी युवा मोर्चा द्वारा बुधवार पूर्वाह्न युवा सम्मान समारोह लखनऊ के विशेश्वरैय्या हॉल में बड़े हर्सोल्लास के साथ मनाया गया।  इस समारोह के आयोजन में  बड़ी संख्या में नौजवनों की उपस्थिति रही।  कार्यक्रम का प्रारम्भ  मंच पर उपस्थित विधायक (नॉएडा ) पंकज सिंह, लखनऊ की मेयर ,संयुक्ता भाटिया , सुरेश चंद्र तिवारी ,पूर्व विधायक (कैंट ), मंत्री  मोहसिन रजा एवं टिंकू सोनकर  ने इस कार्यक्रम को  द्वीप प्रज्वलित कर प्रारम्भ कराया।  
फैज़ाबाद जिले की  युवा मोर्चा नेत्री  नेहा सिंह ने इन सभी लोगो का  तिलक किया एवं इस कार्यक्रम में  बड़ी संख्या में नौजवानो ने स्वर्गीय अटलबिहारी बाजपेई , पूर्व प्रधान मंत्री , स्वर्गीय पंडित दीन दयाल उपाध्याय, एवं  स्वर्गीय श्यामा प्रसाद मुख़र्जी  की तस्वीरो पर पुष्प अर्पित किये।  

कर्मचारियों द्वारा पुरानी पेंशन की माँग को लेकर दो दिवसीय हड़ताल

क्षितिजकांत; लखनऊ  
राज्य कर्मचारी महासंघ उत्तर प्रदेश  केंद्रीय संगठनो औद्योगिक फेडरशनो एवं कर्मचारी संगठनों के आह्वान पर दो दिवसीय हड़ताल का आयोजन किया।  इस हड़ताल में सरकार की जनविरोधी , मज़दूरविरोधी नीतियों के खिलाफ  देश के  केंद्रीय संगठन ,बीमा, रक्षा, रेलवे एवं राज्य सरकार कर्मचारियों ने भाग लिया।  यह संयुक्तमंच का आंदोलन  पिछले कई वर्ष से  मेहनतकश जनता की मांगो को लेकर किया जा रहा है। यह आंदोलन 8 व् 9  जनवरी 2019 को जारी रहेगा।    
प्रमुख मांग
1 . न्यूनतम वेतन  कानून में संशोधन  करते हुए  इसे सबके लिए लागू किया जाय।  सबके लिए न्यूनतम वेतन रूपए 18000 प्रतिमाह  से काम न हो  एवं इसे मूलसूचकांक से जोड़ा जय 
स्थाई / बारह मास के कामो के लिए ठेकेदारी प्रथा बंद हो।  ठेका मज़दूरों को  उद्योग / संस्थानों में  उनके जैसा काम  करने वाले  नियमित मज़दूरों  के बराबर वेतन एवं  सभी भत्ते व् लाभ दिए जाय।  
सबके लिए पेंशन सुनिश्चित की जाय. ईपीएफओ द्वारा सभी को  एक हजार की जगह  काम से काम छह हजार पेंशन दी  जाय।  
4 केंद्र एवं राज्य सरकार  कर्मचारियों की पुराणी पेंशन नीति बहाल जाय।  राष्ट्रीय  वेतन नीति  बनाते हुए  केंद्रीय  व् राज्य कर्मचरियो  को एक सामान वेतन  भत्ते दिए  जाय।  आउटसोर्सिंग / संविदा  मजदूरों को नियमित किया जाय।  
 इस प्रकार से 12 सूत्रीय  मांग पर राज्य सरकार एवं केंद्र सरकार ,बैंक, एलआईसी विभिन्न विभाग के  तमाम संगठनो के कर्मचारी धरना प्रदर्शन को लेकर हरताल पर देखे गए।    

उत्तर प्रदेश सरकार शिक्षा मित्रों की भर्ती का कट ऑफ घटाए : यू पी कांग्रेस


प्रदीप सिंह, प्रवक्ता उत्तर प्रदेश कांग्रेस, ने आज जारी अपने एक बयान में कहा है कि भाजपा सरकार ने अपनी पूर्व की नीति पर चलते हुए प्रदेश के युवाओं को फिर से धोखा दिया। 
उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा की शिक्षक पदों पर पूर्व की हुई भर्ती में जहां कट-आफ 45 और 40 नम्बर था जिसे स्वयं मुख्यमंत्री ने घटाकर 35 से 30 नम्बर किया और जो मा0 उच्च न्यायालय में चुनौती के बाद पुनः 45 और 40 नम्बर के आधार पर परिणाम घोषित किया गया -- इस 68 हजार की भर्ती में मात्र 40 हजार अभ्यर्थी ही पास हो पाये थे !
इन्दिरा गांधी प्रतिष्ठान में हिन्दुस्तान कान्क्लेव लखनऊ में बोलते हुए राज्य के मुख्यमंत्री श्री आदित्यनाथ जी ने 01 सितम्बर 2018 को कहा कि राज्य सरकार के पास नौकरियों की भरमार है, किन्तु हमारे राज्य में युवा काबिल ही नहीं हैं; एवं अपने वक्तव्य की पुष्टि में उन्होने घोषित रिजल्ट का हवाला दिया।
 सिंह ने आगे कहा की आज मात्र तीन महीने बाद ही कल सम्पन्न हुए 69 हजार शिक्षक भर्ती परीक्षा जिसमें 4 लाख 15 हजार अभ्यर्थी शामिल हुए हैं मुख्यमंत्री जी ने अपने पूर्व के कट आफ को बढ़ाते हुए 65 और 60 नम्बर कर दिया एक आश्चर्य है। 
इससे सरकार के खुद के घोषित फैसले पर सवाल खड़ा होता है कि क्या इन तीन महीनों में हमारे प्रदेश के युवाओं में योग्यता की क्षमता 20 प्रतिशत ऊपर चली गयी या उस समय मुख्यमंत्री जी का यह कहना कि हमारे उ0प्र0 के युवाओं में प्रतिभा की कमी है प्रदेश के युवाओं का अपमान था?
प्रवक्ता प्रदीप सिंह ने जारी बयान में आगे कहा कि शिक्षा मित्रों के साथ नई कट आफ लिस्ट घोषित होने के बाद सबसे बड़ा धोखा यह है कि माननीय उच्चतम न्यायालय के फैसले के बाद शिक्षा मित्रों को लगातार दो भर्तियों में मौका देना था और यह भर्ती उनके आखिरी मौके के रूप में थी। 
राज्य सरकार द्वारा निश्चित था या है कि शिक्षा मित्रों को प्रतिवर्ष सेवा का ढाई अंक और अधिकतम 25 अंक भारांक के रूप में दिया जायेगा। अभीतक यह उम्मीद थी कि इस शिक्षक भर्ती की लिखित परीक्षा देने वाले शिक्षा मित्रों को 25 अंकों का भारांक मिलने के बाद नियुक्ति मिलनी तय है, लेकिन कट आफ जारी होने के बाद अब ऐसा नहीं होगा। 
लिखित परीक्षा में सफल होने वाले परीक्षार्थी ही शिक्षक भर्ती के पात्र होंगे। सरकार का यह आदेश माननीय उच्चतम न्यायालय के निर्णय की अवमानना है। इसके साथ ही साथ शिक्षा मित्रों के साथ अब तक का सबसे बड़ा धोखा है।
कांग्रेस पार्टी शिक्षा मित्रों के साथ पूरी हमदर्दी रखती है और हर लड़ाई में उनके साथ खड़ी रहेगी तथा सरकार से मांग करती है कि भर्ती का कट आफ पूर्व की भर्ती के अनुसार 45 और 40 प्रतिशत ही रखा जाये।
 

बीजेपी ने कहा, 'सपा भ्रष्ट' तो सपा ने कहा, 'बीजेपी ने 5 हज़ार करोड़ सिर्फ प्रचार में खर्च क़िये'


  बीजेपी शासन काल में प्रदेश के किसान की हालत बदतर: उत्तर प्रदेश कांग्रेस

भारतीय जनता पार्टी  की  ओर  से  आये  बयान  में कहा  है कि सीबीआइ जांच में पूर्ववर्ती सपा सरकार के दौरान अवैध खनन के जरिए भ्रष्टाचार की परतें अब खुलने लगी हैं। शनिवार को सीबीआइ ने जिस तरह से सपा सरकार के दौरान प्रमुख पदों पर तैनात आइएएस अधिकारी समेत खनन विभाग के कर्मचारियों, ठेकेदारों के ठिकानों पर छापेमारी की कार्रवाई से पूर्ववर्ती मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव की कार्यप्रणाली भी कठघरे में आ गई है।
पार्टी प्रदेश मुख्यालय पर पत्रकारों से चर्चा करते हुए प्रदेश प्रवक्ता डा0 चन्द्रमोहन ने कहा कि श्री अखिलेश यादव को खुद के ऊपर उठ रहे सवालों का जवाब देना चाहिए। आखिर उन्होंने अपने कार्यकाल में अधिकारियों, नेताओं को अवैध खनन की छूट क्यों दे रखी थी
प्रदेश प्रवक्ता डा0 चन्द्रमोहन ने आगे कहा कि श्री यादव को आभास है कि उनके कार्यकाल के दौरान यूपी में भ्रष्टाचार के मामले भाजपा सरकार में जरूर खुलेंगे क्योंकि यह सरकार जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य कर रही है। 
उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार के मसले पर सीधे तौर पर खुद को घिरता देख श्री अखिलेश यादव बसपा से बेमेल गठबंधन करने को बेताब हो गए। श्री यादव ने अपने पांच साल के कार्यकाल में शायद ही कोई कार्यक्रम या आयोजन रहा हो जिसमें उन्होंने बसपा के शासनकाल में फैले भ्रष्टाचार का जिक्र न किया हो। 
प्रदेश प्रवक्ता ने आगे कहा कि इस तरह से सपा और बसपा का गठबंधन भाजपा सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के खिलाफ भ्रष्टाचारियों का गठबंधन है।
 उधर  उत्तर प्रदेश  कांग्रेस ने  योगी सरकार पर आरोप लगाया कि प्रदेश के किसान किन हालातों से गुजर रहे हैं इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि आगरा का किसान प्रदीप शर्मा 19 हजार किलो आलू बेंचकर महज 490 रूपया पाता है और वह इस रकम को प्रधानमंत्री को भेज देता है।
किसान कर्ज में इतना डूबा हुआ है कि वह अपनी जमीन बेंचने तक मजबूर है और प्रशासन कोई मदद नहीं कर रहा है।
यहाँ यह ध्यान देने योग्य है कि योगी सरकार ने 15 अरब रूपये  की निधि किसानो के ऋण मोचन की व्यवस्था पिछले वर्ष 2018 के माह दिसम्बर  में की है जिसे इसी वित्तीय वर्ष में किसानो पर खर्च करना है किन्तु कैसे ? यह  अन्वेषण का विषय है.   
0प्र0 कांग्रेस कमेटी की प्रवक्ता प्रियंका गुप्ता ने आज जारी अपने बयान में आगे कहा कि गन्ना किसान योगी सरकार में दोहरी मार झेल रहे हैं, एक तरफ किसानों का गन्ना मूल्य के बकाये का भुगतान नहीं हो रहा है और मुख्यमंत्री जी ने 30 नवम्बर 2018 तक किसानों को गन्ना भुगतान किये जाने का वादा किया था और अभी तक नहीं हो पाया है, जिसकी वजह से किसान कृषि कार्य में उपयोग किये गये विद्युत के मूल्य का भुगतान नहीं कर पा रहे हैं जिसकी वजह से किसानों के बकाये बिजली मूल्य को लेकर विद्युत विभाग उनके बिजली का कनेक्शन काट रहा है और मुकदमें दर्ज कर रिकवरी की नोटिसें भेज रहा है जिससे किसान त्राहि-त्राहि कर रहा हैं। 
 श्रीमती गुप्ता ने कहा कि जबसे प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनी है चाहे वह बुन्देखण्ड के किसान हों, पूर्वांचल के किसान हों या पश्चिमी उत्तर प्रदेश के हों, सरकार की किसान विरोधी नीतियों के चलते लगातार आन्दोलित और आक्रोशित हैं। सरकार जहां गन्ना किसानों को उनके बकाये मूल्य का भुगतान दिलाने में विफल साबित हुई है वहीं आलू किसानों को उनकी उपज का सही मूल्य नहीं मिल रहा है जिसके चलते किसान त्राहि-त्राहि कर रहे हैं।
 सीबीआई छापे के बाद समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव ने जारी अपने वक्तव्य में कहा है कि जैसे-जैसे लोकसभा के चुनाव नजदीक आते जा रहे हैं भाजपा विपक्ष के नेताओं को बदनाम करने के अभियान में जुट गई है। वह साजिश और फरेब के सहारे लोगों को भ्रमित करना चाहती है। लेकिन अब परिस्थितियां बदल रही हैं, सबके बारे में सब जानते हैं। भाजपा भी समझ रही है कि इस चुनाव में उसका सफाया होना तय है। जनता ने भी तय कर लिया है कि भाजपा की वादाखिलाफी और धोखाधड़ी को देखते हुए इस बार उसकी खैर नहीं। 
       श्री यादव आज पार्टी मुख्यालय, लखनऊ में कार्यकर्ताओं को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा भाजपा हमारे गठबंधन की खबरों से बुरी तरह परेशान हैं। आखिर भाजपा ने भी तो 40 दलों से गठबंधन किया है। इसी तरह सीबीआई का भी हौआ खड़ा किया जा रहा है। लोकसभा चुनाव में सीबीआई और गठबंधन का क्या सम्बंध है? भाजपा को हटाना है तो सीबीआई क्या करेगी? भाजपा के पास सीबीआई है तो हमारे पास गठबंधन है। सीबीआई के हर सवाल का जवाब देने के लिए मैं तैयार हॅू। वोट सीबीआई तो डालती नहीं, वोट तो किसान, श्रमिक, गरीब, नौजवान, महिलायें, व्यापारी और छोटे कारोबारी डालते हैं। 
       श्री अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपाराज में बेरोजगारी लगातार बढ़ रही है। मंहगाई और भ्रष्टाचार रूकने का नाम नहीं ले रहा है। महिलाओं, बच्चियांे का जीवन असुरक्षित है। व्यापारी वर्ग परेशान है। भाजपाराज में सबका उत्पीड़न हो रहा है। नौजवानों के सपने टूट गए हैं। विकास अवरूद्ध है। किसान कर्ज में डूबे हैं। कानून व्यवस्था ध्वस्त है। भाजपा ने पांच हजार करोड़ रूपए सिर्फ प्रचार पर खर्च कर दिए। जनता की गाढ़ी कमाई का यह निर्लज्ज दुरूपयोग भाजपा कर रही है।